अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। यह रकम 20 अलग-अलग खातों में भेजी गई। यह साइबर ठगी 11 और 12 मई को की गई, लेकिन 13 मई को बैंक अवकाश होने के कारण मामला 14 मई को सामने आया, जब बैंक अधिकारियों को भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की ट्रांजैक्शन रिपोर्ट प्राप्त हुई। बैंक के अधिकारियों ने बताया कि मामले की शिकायत तुरंत शिमला सदर थाने में दर्ज करवाई गई।
ALSO READ:
चंबा जिले के हटली शाखा में खाता रखने वाले एक ग्राहक के मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से सर्वर हैक किया गया। मामले को साइबर अपराध शाखा को सौंप दिया गया है। साइबर अपराध शाखा के उप-महानिरीक्षक मोहित चावला ने कहा कि मामले में जांच जारी है और भारत सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी सीईआरटी-इन की एक टीम शनिवार को शिमला पहुंचकर जांच में शामिल होगी।
ALSO READ:
उन्होंने बताया कि विशेषज्ञ यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि बैंक की सुरक्षा प्रणाली में सेंध कैसे लगी। इस बीच, बैंक प्रबंधन ने दावा किया है कि ग्राहकों का पैसा सुरक्षित है और सभी धन के लेनदेन को रोक दिया गया है। (भाषा)
Edited By : Chetan Gour
You may also like
72 घंटे बाद बदल सकता हैं इन राशियों का भाग्य
टीम इंडिया 'A' के नए कोच की संभावना: ऋषिकेश कानिटकर
आखिर क्यों इस देश में लकड़ी के बक्शे में बंद करके रखते हैं भगवान गणेश की मूर्ति, यह है वजह
इसरो का 101वां सैटेलाइट EOS-09 श्रीहरिकोटा से निकला, पर लास्ट मिनट में मिशन के साथ आखिर क्या हुआ?
घातक है अत्यधिक गर्मी के बीच वायु में प्रदूषण का बढ़ना, गरीब देशों पर इसका प्रभाव सबसे ज्यादा